बच्चों के सिनेमा की जादुई दुनिया में आपका स्वागत है!

सूचना और प्रसारण मंत्रालय के तहत बाल चित्र समिति भारत (सी एफ एस आई), एक स्वायत्त निकाय है, जो देश में बच्चों के गतिशील फिल्म संस्कृति के पोषण के लिए प्रतिबद्ध है| भारत के प्रथम प्रधानमंत्री पंडित जवाहर लाल नेहरू के द्वारा भारत की स्वतंत्रता के जल्द ही बाद बाल चित्र समिति, भारत स्थापित की गयी, जिनका बच्चों के प्रति स्नेह प्रसिद्ध है. पंडित नेहरूजी ने सी एफ एस आई की स्थापना इस उम्मीद से की ताकि बच्चों के लिए स्वदेशी एंव विशेष सिनेमा से उनकी रचनात्मकता, करुणा, और महत्वपूर्ण सोच को प्रोत्साहित कर सके| अध्यक्ष, पंडित हृदय नाथ कुंजरू के साथ सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय के अधीन सी एफ एस आई ने एक स्वायत्त निकाय के रूप 1955 में कार्य शुरू किया|
और पढ़ें

सीईओ के डेस्क से
श्रीमती स्वाती पांडे

और पढ़ें

अंतर्राष्ट्रीय फिल्म समारोह

इंटरनेशनल चिल्ड्रन फिल्म फेस्टिवल इंडिया (आईसीएफएफआई) जिसे लोकप्रिय रूप से द गोल्डन एलिफेंट भी कहा जाता है, वह एक द्विवार्षिक त्यौहार है जो भारत में युवा दर्शकों के लिए सबसे मोहक और कल्पनाशील राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय बच्चों के सिनेमा लाने का प्रयास करता है।

और पढ़ें

राष्ट्रीय फिल्म समारोह

बच्चों की फिल्म के लिए बाजार का विस्तार करने और देश में प्रतिभा को प्रोत्साहित करने के लिए, चिल्ड्रन फिल्म सोसाइटी इंडिया (सीएफएसआई) ने 2014 में पहली बार राष्ट्रीय बाल फिल्म समारोह (एनसीएफएफ) के लॉन्च की घोषणा की थी।

और पढ़ें

उत्तर पूर्व फिल्म समारोह

सीएफएसआई की सीईओ के रूप में मुझे यह बताते हुए बेहद ख़ुशी है कि मिज़ोरम के चम्फाई, सेरछिप, मामित ज़िलो की स्कूलो में सफलतापूर्वक सीएफएसआई फिल्म बोनांज़ा आयोजित हुआ. इसे बाल चित्र समिति, भारत (सीएफएसआई) ने सिनेदरबार के साथ मिलकर २२ से २५ मई २०१७ तक आयोजित किया था.

और पढ़ें

गतिविधियों

सीएफएसआई जिला / राज्य प्राधिकरणों के सहयोग से देश के विभिन्न शहरों में सप्ताहांत फिल्म त्यौहार आयोजित कर रहा है। नाटकीय देखने के लिए नवीनतम प्रारूप में स्क्रीनिंग के लिए उपलब्ध फिल्में यानी डीसीपी जे 2 के सूची में हैं

और पढ़ें

एलसीडी शो के लिए दिशानिर्देश

एनजीओ और ट्रस्ट के माध्यम से एलसीडी प्रोजेक्टर पर स्कूलों में बच्चों की फिल्मों की मुफ्त स्क्रीनिंग करने के लिए दिशानिर्देश

और पढ़ें

फिल्म प्रस्ताव

फिल्म प्रस्ताव प्रविष्टि का सबमिशन बंद कर दिया गया है।